Monthly Archives: October 2017

राशिद सर का कुर्ता

राशिद सर के यहाँ बहुत से गमले थे. मैंने उनसे पुछा कि क्या उन्हें इतना प्यार है फूलों से तो मुस्कुरा के कमरे के अन्दर चले गए. उनकी मुस्कान देख के दोबारा पूछने का मन नहीं किया. ये बहुत था … Continue reading

Posted in Story | Leave a comment